Tuesday, 5 March, 2024

Narad meet Vishwamohini, a beauty

54 Views
Share :
Narad meet Vishwamohini, a beauty

Narad meet Vishwamohini, a beauty

54 Views

नारदजी की विश्वमोहिनी से भेंट
 
(चौपाई)
बसहिं नगर सुंदर नर नारी । जनु बहु मनसिज रति तनुधारी ॥
तेहिं पुर बसइ सीलनिधि राजा । अगनित हय गय सेन समाजा ॥१॥
 
सत सुरेस सम बिभव बिलासा । रूप तेज बल नीति निवासा ॥
बिस्वमोहनी तासु कुमारी । श्री बिमोह जिसु रूपु निहारी ॥२॥
 
सोइ हरिमाया सब गुन खानी । सोभा तासु कि जाइ बखानी ॥
करइ स्वयंबर सो नृपबाला । आए तहँ अगनित महिपाला ॥३॥
 
मुनि कौतुकी नगर तेहिं गयऊ । पुरबासिन्ह सब पूछत भयऊ ॥
सुनि सब चरित भूपगृहँ आए । करि पूजा नृप मुनि बैठाए ॥४॥
 
(दोहा)
आनि देखाई नारदहि भूपति राजकुमारि ।
कहहु नाथ गुन दोष सब एहि के हृदयँ बिचारि ॥ १३० ॥

 

Share :

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *